भाजपा जिला प्रवक्ता ने कहा कांग्रेस पहले अपना इतिहास देखे, फिर सनातन पर बोले
BHT news, ऊना: पूर्व कांग्रेस विधायक सतपाल सिंह रायजादा द्वारा भारतीय जनता पार्टी पर धर्म को राजनीति से जोड़ने के लगाए गए आरोपों पर भाजपा के जिला प्रवक्ता विनय शर्मा ने जोरदार पलटवार किया है और कहा कि भगवा आंतकवाद की थियोरी गढ़ने वाली कांग्रेस सनातन पर ज्ञान बांटकर हंसी का पात्र बन रही। उन्होंने कहा कि जिन लोगों ने अपनी पूरी राजनीतिक जिंदगी भगवान श्रीराम के मंदिर निर्माण का विरोध करने में गुज़ार दी, उन्हें आज सनातन धर्म पर ज्ञान बांटने का कोई नैतिक अधिकार नहीं है।विनय शर्मा ने कहा कि कांग्रेस पार्टी का इतिहास ही सनातन विरोध और तुष्टिकरण की राजनीति से भरा पड़ा है। दशकों तक कांग्रेस ने वोट बैंक की राजनीति के लिए बहुसंख्यक समाज की आस्था का अपमान किया। जब पूरा देश राम मंदिर के पक्ष में खड़ा था, तब कांग्रेस अदालतों में इसके विरोध में खड़ी थी। आज जब अयोध्या में भव्य श्रीराम मंदिर बन चुका है और करोड़ों श्रद्धालु वहां नतमस्तक हो रहे हैं, तब कांग्रेस के नेता बौखलाहट में अनर्गल बयान दे रहे हैं।उन्होंने तीखे शब्दों में कहा कि कांग्रेस नेताओं को भाजपा पर उंगली उठाने से पहले आईने में अपना चेहरा देखना चाहिए। देश जानता है कि किस पार्टी ने वर्षों तक राम भक्तों की भावनाओं को ठेस पहुंचाई और किसने राम मंदिर निर्माण में रोड़े अटकाए। अदालतों में वकीलों की फौज खड़ी करने वाली पार्टी आज धर्मनिरपेक्षता का ढोंग कर रही है।विनय शर्मा ने आरोप लगाया कि कांग्रेस ने सत्ता में रहते हुए भारत की सार्वजनिक संपत्तियों और संस्थानों का नाम उन विदेशी आक्रांताओं और लुटेरों के नाम पर रखा, जिन्होंने इस देश की संस्कृति को रौंदा। भाजपा ने देश की सांस्कृतिक अस्मिता को पुनर्जीवित करने और गौरवशाली इतिहास को सम्मान दिलाने का कार्य किया है। यही कांग्रेस की असली पीड़ा है।उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ पर की जा रही टिप्पणियों पर भी उन्होंने कड़ा ऐतराज जताया। उन्होंने कहा कि योगी आदित्यनाथ एक जनप्रिय, निर्णायक और राष्ट्रवादी नेता हैं। उनके नेतृत्व में उत्तर प्रदेश ने कानून व्यवस्था, निवेश और विकास के क्षेत्र में ऐतिहासिक परिवर्तन देखे हैं। कांग्रेस नेताओं को उनके बारे में बयान देने से पहले अपना राजनीतिक कद और सीमाएं समझ लेनी चाहिए।विनय शर्मा ने पूर्व विधायक से सीधे सवाल करते हुए कहा कि सनातन धर्म पर बयान देने से पहले वह स्पष्ट करें कि उनकी पार्टी का कोई शीर्ष नेता आज तक अयोध्या जाकर भगवान श्रीराम के चरणों में क्यों नहीं झुका? क्या उनकी पार्टी का शीर्ष नेतृत्व राम मंदिर जाने से डरता है, या फिर अभी भी उनके मन में वही पुरानी मानसिकता बैठी हुई है?अंत में उन्होंने कहा कि भाजपा धर्म की राजनीति नहीं करती, बल्कि राष्ट्र की आत्मा और संस्कृति की रक्षा करती है। कांग्रेस यदि सनातन पर बहस करना चाहती है तो पहले अपने पापों का प्रायश्चित करे और देश की जनता से माफी मांगे। देश अब भ्रम में नहीं आने वाला। जनता सब देख रही है और समय आने पर जवाब भी देगी।































