कहा सरकार किसी भी विधानसभा क्षेत्र में विकास कार्य को अमलीजामा नहीं पहना रही जबकि विधायक प्राथमिकता पर भी कैंची चला रही
BHT news,ऊना: विधानसभा क्षेत्र ऊना के विधायक सतपाल सिंह सत्ती ने प्रदेश सरकार के निर्णय पर तीखी प्रतिक्रिया व्यक्त करते हुए कहा कि आर्थिक तंगहाली का हवाला देकर विधायक प्राथमिकता योजनाओं को एक तक सीमित करना विकास विरोधी कदम है। उन्होंने आरोप लगाया कि सरकार अपनी विफलताओं को छिपाने के लिए नई योजनाओं पर अंकुश लगा रही है, जबकि जमीनी स्तर पर विकास कार्य ठप पड़े हैं।सत्ती ने कहा कि पिछले तीन योजना विभाग की बैठकों में विधायक प्राथमिकता के तहत जो कार्य उन्होंने सरकार को सौंपे थे, उनमें से एक भी काम आज तक शुरू नहीं हो पाया है। इससे स्पष्ट है कि सरकार के पास न तो ठोस योजना है और न ही विकास के प्रति गंभीरता। उन्होंने कहा कि पहले ही नई योजनाओं की संख्या कम की जा चुकी थी और अब इसे घटाकर केवल एक कर देना क्षेत्रीय विकास के साथ अन्याय है।उन्होंने कहा कि विधायक अपने-अपने क्षेत्रों की समस्याओं और जनता की मांगों को ध्यान में रखते हुए प्राथमिकताएं तय करते हैं, लेकिन जब सरकार उन पर अमल ही न करे तो यह लोकतांत्रिक व्यवस्था की भावना के विपरीत है। ग्रामीण क्षेत्रों में सड़क, पेयजल, सिंचाई और सीवरेज जैसी बुनियादी सुविधाओं की अत्यंत आवश्यकता है, लेकिन सरकार की नीतियों के कारण इन क्षेत्रों में अपेक्षित प्रगति नहीं हो पा रही है।भाजपा विधायक ने दावा किया कि वर्तमान में प्रदेश में जितने भी बड़े विकास कार्य चल रहे हैं, वे केंद्र सरकार के बजट और सहायता से ही संभव हो पा रहे हैं। प्रदेश सरकार का अपना योगदान नगण्य है। उन्होंने कहा कि केंद्र की विभिन्न योजनाओं के तहत ही सड़कों, पुलों, जल जीवन मिशन और अन्य आधारभूत ढांचे से जुड़े कार्य आगे बढ़ रहे हैं, जबकि राज्य सरकार केवल श्रेय लेने में व्यस्त है। उन्होंने कहा कि इस सरकार की हालत यह हो चुकी है कि विधायक निधि और ऐच्छिक निधि को भी बंद किया जा चुका है। जिसके चलते पहले ही विधायकों के विधानसभा क्षेत्रों में विकास कार्य बन्द हो चुके हैं। वर्तमान सरकार खुद तो किसी भी विधानसभा क्षेत्र में किसी विकास कार्य को अमलीजामा नहीं पहना रही, जबकि विधायक प्राथमिकता पर भी कैंची चलाकर इस सरकार ने अपना असली चेहरा सबको दिखा दिया है।सत्ती ने कहा कि मौजूदा सरकार अब जाने वाली है और हिमाचल में जल्द ही भारतीय जनता पार्टी की सरकार बनेगी। भाजपा सरकार के गठन के बाद विधायक प्राथमिकताओं का सम्मान किया जाएगा, लंबित कार्यों को प्राथमिकता से पूरा किया जाएगा और विकास योजनाओं को नई रफ्तार दी जाएगी। उन्होंने विश्वास जताया कि प्रदेश की जनता आगामी समय में परिवर्तन का निर्णय लेकर विकास समर्थक सरकार को पुनः स्थापित करेगी।



























