कहा: भारतीय संस्कृति में गुरु का स्थान सर्वोपरि
गुरुनानक देव के प्रकाशोत्सव के उपलक्ष्य में हुआ राष्ट्रीय सेमिनार का आयोजन
करनाल, आशुतोष गौतम(14अक्तूबर) गुरु नानक खालसा कॉलेज करनाल में गुरु नानक देव जी के 550 में प्रकाश उत्सव एवं कालेज की स्वर्ण जयंती के उपलक्ष्य में राष्ट्रीय सेमिनार का आयोजन किया गया। गुरु नानक देव वाणी विचारधारा के परिप्रेक्ष्य विषय पर आयोजित इस सेमिनार में मुख्य अतिथि के तौर पर डा. श्रोमांश द्विवेदी माननीय कुलपति संस्कृत विश्वविद्यालय मुंदड़ी (कैथल) ने शिरकत की। मुख्यातिथि ने अपने सम्बोधन में कहा कि गुरु नानक देव जी राष्ट्र संत थे और वे मानवता के सर्वश्रेष्ठ प्रचारक थे। उन्होंने कहा कि भारत में गुरु परंपरा प्राचीन काल से प्रचलित है और भारतीय संस्कृति में गुरु का स्थान सर्वोपरि है। मुख्य वक्ता के रुप में पधारे दिल्ली विश्वविद्यालय के पंजाबी विभाग के पूर्व अध्यक्ष जगबीर सिंह ने कहा कि अगर हम गुरु नानक देव की वाणी को जीवन में आत्मसात नहीं करते तो हमारा जीवन व्यर्थ है। गुरु नानक के महत्व का उपदेश देते हुए कहा कि वाणी हमें सूझबूझ देती है। इस अवसर पर प्राचार्य डा. सीमा शर्मा ने सभी का स्वागत किया एवं कालेज की उपलब्धियों पर प्रकाश डाला। हरियाणा साहित्य अकादमी के निदेशक डा. पूर्णमल गौड़ ने गुरुनानक देव जी वाणी सार्वभौमिक व सर्वकालिक है जो मानव को मानवता दिखाती है। पंजाबी साहित्य अकादमी हरियाणा के डिप्टी चेयरमैन डॉक्टर नरेंद्र सिंह विर्क ने कहा कि गुरु नानक देव जी की वाणी प्रकृति व पर्यावरण से जुड़ी है। उन्होंने कहा था कि प्रकृति को संभाल कर रखना चाहिए। पंजाबी विश्वविद्यालय धार्मिक शिक्षा विभाग के सह- आचार्य डा. मोहम्मद हबीब ने कहा कि जो अच्छा विद्यार्थी होगा वह अच्छा अध्यापक भी होगा। शिक्षा हमें विचारों में बहुत ऊपर लेकर जाती है। कार्यक्रम की अध्यक्षता करते हुए कालेज प्रबंधक समिति के महासचिव डा. सुरेंद्र पाल सिंह पसरीचा ने कहा कि हमारा कॉलेज मौलिक शिक्षा के साथ-साथ नैतिक एवं धार्मिक शिक्षा भी प्रदान करता है। मंच का संचालन पंजाबी विभाग के अध्यक्ष डा. गुरविंदर सिंह ने किया। इस अवसर पर पूर्व प्राचार्य प्रोफेसर एसएस बरगोटा, डा. एसपी सिंह, सतवंत कौर मान, सरपंच हरजीत सिंह, प्रोफेसर जुझार सिंह, प्रवीण कौर, प्रोसेसर जितेंद्र पाल सिंह, प्रो. प्रीतपाल एवं डा. वीर सिंह आदि उपस्थित थे।































