आपसी भाईचारा बरकरार रख आदर्श नागरिक सिद्ध होंवे: मुनि पीयूष
करनाल, आशुतोष गौतम (9 नवंबर) श्री आत्म मनोहर जैन आराधना मन्दिर करनाल के वर्तमान प्रेरक जैन संत उत्तर भारत गौरव उपप्रवर्तक श्री पीयूष मुनि जी महाराज ने भारत गणराज्य के माननीय सर्वोच्च न्यायालय द्वारा सांस्कृतिक गौरव के शिखर व्यक्तित्व मर्यादा पुरुषोत्तम भगवान श्री राम जन्म भूमि विषय पर दीर्घ काल से चल रहे मुकद्दमे का फैसला सुनाते हुए प्रमाणों के आधार पर श्रीराम मन्दिर निर्माण हेतू स्वीकृति दिये जाने पर हार्दिक प्रसन्नता प्रकट करते हुये शीघ्र भव्यातिभव्य मन्दिर निर्माण के विधिवत् प्रारम्भ होने की सम्पूर्ण देश वासियों को बधाई दी। उन्होंने सभी वर्गों को उदारतापूर्वक इस निर्णय को स्वीकार करने तथा हर मूल्य पर साम्प्रदायिक सौहार्द सुरक्षित रखने की प्रेरणा दी। विखण्डनकारी तत्त्वों के विषवमन से अप्रभावित रहते हुये किसी वर्ग को भी असंतोष तथा नाराजगी से बचते हुये सौहार्दपूर्ण सम्बन्धों के ताने-बाने को मजबूती से बरकरार रखने के साथ-साथ देश की एकता, अखण्डता तथा आपसी भाई-चारे की रक्षा हेतु सजग रहकर आदर्श नागरिक होने का परिचय देने का संदेश उन्होंने दिया। उन्होंने सभी धर्मावलम्बियों को साम्प्रदायिक हठधर्मिता तथा संकुचितता से उपर उठ कर भारतवर्षी समाज के पूर्वजरूप इक्ष्वाकुुवंशीय भगवान श्री राम के जन्म स्थल पर निर्मित किये जाने वाले मन्दिर को राष्ट्रीय गौरव एवं आपसी भाईचारे के स्मारक के रूप में बनाने हेतु सहयोग देने की अपील की।































