जाँच में सामने आया की कुल आर्डर की हुई 133453 टाइलों में से 2000 टाइलें स्टॉक रजिस्टर में कम दर्ज की गयी थी
यह भी पाया गया की अन्य दो फर्मे जिन्होंने टेंडर भरा था वो टाइल निर्माण का कार्य करती ही नहीं
रणधीर जसवाल (परवाणू) परवाणू नगर परिषद में 2017 में पेवर टाइल्स खरीद में हुए कथित भ्र्ष्टाचार के आरोप में परवाणू नगर परिषद के कनिष्ट अभियंता पर विजिलेंस सोलन द्वारा मामला दर्ज किया गया है। विजिलेंस द्वारा यह मामला तीन लोगों पर किया गया था जिनमे नप परवाणू के पूर्व कार्यकारी अधिकारी , सोलन उपविभागीय अधिकारी तथा नप परवाणू कनिष्ट अभियंता शामिल थे। प्राप्त जानकारी के अनुसार वर्ष 2017 में 8 जून को परवाणू की सड़कों के विकास कार्य के लिए भारी मात्रा में इंटरलॉक पेवर टाइल्स की खरीद के टेंडर आमंत्रित किये गए | 10 जुलाई 2017 को नप परवाणू में 3 कोटेशन प्राप्त होने पर सोलन उपविभागीय अधिकारी नन्द लाल वर्मा , कार्यकारी अधिकारी सुधीर शर्मा व् कनिष्ठ अभियंता कृष्ण दत्त शर्मा द्वारा अध्यक्ष ठाकुरदास शर्मा की अध्यक्षता में कोटेशन खोले गए तथा चारों द्वारा हस्ताक्षर किये गए | जिनमे रविंद्रा आरसीसी प्रोडक्ट के टेंडर को स्वीकार किया गया तथा उसी दिन नेगोशिएशन की गयी जिसमे 80 एमएम टाइल के 21 रूपये तथा 60 एमएम टाइल के 19 रूपये प्रति टाइल भरे गए। जबकि नप द्वारा 21 जून 2017 उद्योग विभाग से धन प्राप्त करने के लिए हाउस में प्रस्ताव डाला तथा उसी दिन टाइल्स के नमूनों की निविदा आमंत्रित की तथा उसी दिन रविंद्रा आरसीसी प्रोडक्ट्स को 14805 टाइलों की सप्लाई का आर्डर दे दिया। इसी प्रकार 21 जुलाई 2017 से 26 जुलाई 2017 तक कार्यकारी अधिकारी ने इस फर्म को कुल 11 सप्लाई आर्डर के माध्यम से 155790 टाइल्स के आर्डर जारी कर दिए। इसके साथ ही ठेकेदारों से अग्रीमेंट के तहत 851 /- रूपये प्रति वर्ग मीटर के हिसाब से कटौती भी ठेकेदारों से वसूली गयी। 1 अगस्त 2017 से 6 सितम्बर 2017 तक निर्धारित फर्म से 133453 टाइल्स 21 रूपये प्रति टाइल व् 28 प्रतिशत जीएसटी के साथ खिरीदी गयी जिसकी कुल कीमत 3505578 /- रूपये नगर परिषद ने फर्म को अदा किये। जाँच में यह भी पाया गया की अन्य दो फर्मे जिन्होंने टेंडर भरा था वो टाइल निर्माण का कार्य नहीं करती है। वहीं जाँच में यह भी सामने आया की 2017 में कालका पिंजौर व् चरणीयां में टाइल निर्माण फर्मों द्वारा 12 रूपये प्रति टाइल परवाणू में पहुँच दी जा रही थी। जाँच में सामने आया की कुल आर्डर की हुई 133453 टाइलों में से 2000 टाइलें स्टॉक रजिस्टर में कम दर्ज की गयी थी तथा फर्म को पूरी टाइलों का पैसा दे दिया गया, साथ ही ठेकेदारों से भी 2000 टाइल की कटौती कम की गयी | विजिलेंस ने जाँच के बाद निविदाओं में अनियमितता पाए जाने पर धरा 420 120 बी(आईपीसी ) तथा पीसी एक्ट 13 (2 ) के तहत मामला दर्ज किया गया है | यह जानकारी समाजसेवी सतीश बेरी द्वारा सुचना के अधिकार के अंतर्गत प्राप्त एफआईआर के माध्यम से प्राप्त की गयी है जो स्वयं इस मामले में शिकायतकर्ता भी हैं |































