रात के समय संतोषगढ़ सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र को बंद करने का मामला मुख्यमंत्री दरबार, मुख्यमंत्री कार्यालय ने उपायुक्त और सीएमओ से मांगी रिपोर्ट
जसवाल, ऊना ( 9 जुलाई ) रात के समय संतोषगढ़ के सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र को बंद करने का मामला मुख्यमंत्री के दरबार पहुंच गया है। संतोषगढ़ निवासी रोहित शर्मा ने इस संदर्भ में मुख्यमंत्री कार्यालय में एक मेल डाली थी और संतोषगढ़ में रात के समय स्वास्थ्य सेवाएं बंद होने का मामला प्रमुखता से उठाया था। रोहित ने सीएम को लिखे पत्र में कहा कि एक तो संतोषगढ़ नगर परिषद है और यहां की आबादी काफी है। इसके अलावा संतोषगढ़ के आसपास के करीब एक दर्जन गांवों के लोग महज इसी सीएचसी पर आश्रित हैं। नंगल-टालीवाल मार्ग अति व्यस्त मार्ग है और यहां आए दिन कोई न कोई दुर्घटना होती रहती है। ऐसे में घायलों को प्राथमिक उपचार देने के लिए इसी सीएचसी में लाया जाता है। उन्होंने कहा कि रात के समय सीएचसी को बंद करने से क्षेत्र के लोगों को स्वास्थ्य सेवाओं के लिए नंगल (पंजाब) या फिर मैहतपुर या ऊना पहुंचना पड़़ेगा। उन्होंने मुख्यमंत्री से गुहार लगाई कि संतोषगढ़ में रात के समय आपातकालीन स्वास्थ्य सेवाएं तुरंत प्रभाव से लागू की जाएं, ताकि लोगों को राहत मिल सके। उधर, सीएम कार्यालय ने इस पत्र का संज्ञान लिया और उपायुक्त ऊना से मामले की रिपोर्ट मांगी है। उपायुक्त ऊना ने यह पत्र तुरंत एवं प्रभावी कार्रवाई के लिए सीएमओ ऊना को प्रेषित किया है।
क्या कहते हैं सीएमओ- सीएमओ डॉ. रमन कुमार शर्मा का कहना है कि कोविड के दौर में अभी स्टाफ की कुछ कमी है। इसलिए फौरी तौर पर संतोषगढ़ में रात के आपातकालीन सेवाओं को बंद किया गया है। उन्होंने कहा कि पिछले तीन माह के दौरान रात के समय यहां आने वाले पेशेंटस का डाटा जांचने के बाद ही यह फैसला लिया गया है। पिछले तीन माह के दौरान रात के समय दो या तीन पेशेंट ही उपचार के लिए इस सीएचसी में पहुंचे हैं। उन्होंने कहा कि स्थिति में सुधार होते ही संतोषगढ़ में रात के समय स्वास्थ्य सेवाएं फिर से बहाल कर दी जाएंगी।

































