अवैध खनन करने वाली भूमि निकली सरकारी जमीन, राजनीतिक कद वाले भी आ सकते हैं लपेटे में
बददी, 28 फरवरी (शांति गौतम) गत दिनों बददी के निकट बाल्द नदी में हुआ बेहताशा खनन वाला स्थान सरकारी भूमि निकला। राजस्व विभाग की रिपोर्ट आने के बाद यह खुलासा हुआ है। पहले पुलिस ने यहां पर अवैध खनन का मामला दर्ज किया था लेकिन उस समय यह क्लीयर नहीं हो पाया था कि खनन वाला स्थान सरकारी भूमि है या सरकारी। यह जमीन सरकारी लैंड निकलने के बाद बालद नदी में अवैध खनन करने वालों के खिलाफ पुलिस ने अपना रुख कड़ा कर लिया है। इस जगह पुलिस ने बाकायदा राजस्व विभाग के अधिकारियों को बुलाकर पैमाइश करवाई है। जिससे यह सामने आया है कि पिछले दिनों हुए खनन में संलिप्त रसूखदार राजनीतिक परिवार के एक व्यक्ति ने सरकारी भूमि पर अवैध खनन किया है। एस.पी. रोहित मालपानी ने बताया कि 19 फरवरी को बालद नदी में हुए खनन के मामल में पुलिस ने साक्ष्य जुटाए हैं। इस स्थान पर राजस्व विभाग के कानूनगो तथा पटवारी ने पैमाईश के बाद साफ कर दिया है कि उक्त स्थान सरकारी रकवे में पड़ता है। सूत्रों के अनुसार पुलिस पुख्ता सबूतों के साथ उक्त राजनीतिक सरंक्षक के खिलाफ कार्रवाई करने के मूड में है। इस स्थान से पुलिस ने एक जेसीबी, एक टिप्पर तथा दो टैक्टर जब्त किए थे। इस मामले में एक कांग्रेस से जुडे राजनीतिक परिवार से जुड़े व्यक्ति का नाम भी शामिल पाया गया था। पुलिस सूत्रों के अनुसार जल्द ही इस मामले में पुलिस सबूतों सहित कोर्ट में चार्जशीट दाखिल करने जा रही है। पुलिस की इस कार्यवाही के बाद राजनीतिक हलके में काफी चर्चा भी हुई थी। अब देखना यह है कि इस केस में पुलिस और राजनीतिक व्यवस्था की लड़ाई कोर्ट में किस करवत बैठती है। वहीं एस.पी बददी रोहित मालपानी ने पिछले एक साल में खनन माफिया की कमर तोड कर रख दी है जिससे उसमें हडकंप मचा हुआ है। वर्तमान केस पेचीदा हो चुका है और अब सरकारी भूमि निकलने से इसमें गिरफतारियां अब तय ही है। वहीं एसपी रोहित मालपानी ने बताया कि इस केस में आवश्यक कार्यवाही की जा रही है और आरोपियों को बक्शा नहीं जाएगा।































